UP पुलिस भर्ती 2026: CM योगी का युवाओं को बड़ा तोहफा, आयु सीमा में 3 साल की भारी छूट

UP Police Recruitment

लखनऊ: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे लाखों युवाओं के हित में एक बड़ा और संवेदनशील निर्णय लिया है। प्रदेश सरकार ने आगामी 32,679 पदों पर होने वाली पुलिस सीधी भर्ती-2025 में सभी वर्गों के अभ्यर्थियों को अधिकतम आयु सीमा में 3 वर्ष की एकमुश्त छूट देने का ऐलान किया है।

गृह विभाग द्वारा जारी शासनादेश के अनुसार, यह छूट आरक्षी नागरिक पुलिस, PAC, विशेष सुरक्षा बल (SSF), महिला बटालियन और जेल वार्डर जैसे सभी समकक्ष पदों पर लागू होगी।

आयु सीमा में बदलाव: अब किसे मिलेगा मौका?

सरकार के इस फैसले के बाद अब वे अभ्यर्थी भी आवेदन कर सकेंगे जो ओवर-एज होने के कारण भर्ती प्रक्रिया से बाहर हो रहे थे। संशोधित आयु सीमा का विवरण नीचे दिया गया है:

वर्ग (Category) पहले की अधिकतम आयु अब नई अधिकतम आयु
सामान्य (पुरुष) 22 वर्ष 25 वर्ष
सामान्य (महिला) 25 वर्ष 28 वर्ष
OBC/SC/ST (पुरुष) 27 वर्ष 30 वर्ष
OBC/SC/ST (महिला) 30 वर्ष 33 वर्ष

नोट: यह छूट केवल ‘सीधी भर्ती-2025’ के लिए एक बार (One-time relief) के लिए प्रदान की गई है।

इन पदों पर होगी बम्पर भर्ती

पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड द्वारा जारी विज्ञापन के तहत कुल 32,679 रिक्त पदों को भरा जाना है। इसमें निम्नलिखित विभाग शामिल हैं:

  • आरक्षी नागरिक पुलिस (पुरुष/महिला)

  • आरक्षी पीएसी/सशस्त्र पुलिस

  • आरक्षी विशेष सुरक्षा बल (SSF)

  • महिला बटालियन हेतु महिला आरक्षी

  • आरक्षी घुड़सवार पुलिस

  • जेल वार्डर (पुरुष एवं महिला)

जरूरी तारीखें और आवेदन प्रक्रिया

भर्ती बोर्ड ने स्पष्ट किया है कि आवेदन की प्रक्रिया पहले ही शुरू हो चुकी है। युवाओं को सलाह दी गई है कि वे समय सीमा का ध्यान रखें:

  • विज्ञापन जारी होने की तिथि: 31 दिसंबर 2025

  • आवेदन की अंतिम तिथि: 30 जनवरी 2026

  • अनिवार्य प्रक्रिया: आवेदन करने से पहले अभ्यर्थियों को भर्ती बोर्ड की वन टाइम रजिस्ट्रेशन (OTR) प्रणाली में पंजीकरण कराना अनिवार्य है।

क्यों लिया गया यह फैसला?

बीते दिनों कई विधायकों और मंत्रियों ने मुख्यमंत्री से मुलाकात कर अभ्यर्थियों की मांग उनके सामने रखी थी। कई युवा कोरोना काल और भर्तियों के अंतराल के कारण आयु सीमा पार कर चुके थे। मुख्यमंत्री ने युवाओं के भविष्य को प्राथमिकता देते हुए उत्तर प्रदेश लोक सेवा नियमावली-1992 के नियमों के तहत इस शिथिलीकरण को मंजूरी दी है।

इस निर्णय से प्रदेश के उन लाखों युवाओं में खुशी की लहर है जो पिछले कई वर्षों से वर्दी पहनने का सपना देख रहे थे।