बंगाल में दो चरणों में होगा मतदान, 4 मई को आएगा फैसला
कोलकाता/नई दिल्ली | पश्चिम बंगाल की 294 विधानसभा सीटों पर सत्ता के सबसे बड़े रण की तारीखों का आधिकारिक ऐलान हो गया है। भारतीय चुनाव आयोग ने रविवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर बंगाल चुनाव का शेड्यूल जारी कर दिया। इस बार का चुनाव पिछली बार (2021) के मुकाबले काफी संक्षिप्त होगा। जहाँ पिछली बार 8 चरणों में वोटिंग हुई थी, वहीं इस बार पूरे प्रदेश में केवल दो चरणों में मतदान संपन्न कराया जाएगा।
चुनावी कार्यक्रम: एक नज़र में
चुनाव आयोग के अनुसार, राज्य की कानून-व्यवस्था और सुरक्षा बलों की उपलब्धता को देखते हुए दो चरणों का चुनाव कार्यक्रम तैयार किया गया है:
| विवरण | महत्वपूर्ण तारीखें |
| पहला चरण (वोटिंग) | 23 अप्रैल 2026 |
| दूसरा चरण (वोटिंग) | 29 अप्रैल 2026 |
| नतीजों का ऐलान | 04 मई 2026 |
सियासी समीकरण: इस बार मुकाबला दिलचस्प
तारीखों के ऐलान के साथ ही बंगाल की राजनीति का पारा चढ़ गया है। इस बार मुख्य मुकाबला त्रिकोणीय होने के आसार हैं, लेकिन गठबंधन की स्थिति अभी भी धुंधली है:
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TMC (एकला चलो): मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के नेतृत्व वाली तृणमूल कांग्रेस ने साफ कर दिया है कि वह सभी सीटों पर अकेले चुनाव लड़ेगी।
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BJP (आक्रामक रुख): मुख्य विपक्षी दल के रूप में भारतीय जनता पार्टी प्रधानमंत्री मोदी के चेहरों और ‘विकास’ के वादों के साथ मैदान में है।
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कांग्रेस और लेफ्ट: बंगाल में कांग्रेस और वामपंथी दलों के बीच गठबंधन को लेकर फिलहाल पेंच फंसा हुआ है। कांग्रेस के भीतर अकेले चुनाव लड़ने की मांग तेज़ हो रही है।
2021 के नतीजों का साया
साल 2021 में ममता बनर्जी ने ऐतिहासिक जीत दर्ज करते हुए 213 सीटों पर कब्ज़ा किया था, जबकि भाजपा 77 सीटों के साथ मुख्य विपक्षी दल बनी थी। कांग्रेस और लेफ्ट का खाता भी नहीं खुल सका था। इस बार देखना दिलचस्प होगा कि क्या भाजपा 2021 की हार का बदला ले पाएगी या ममता बनर्जी अपनी सत्ता बचाने में कामयाब रहेंगी।
