यूपी की सियासत में बड़ा बदलाव: पंकज चौधरी बने भाजपा प्रदेश अध्यक्ष
भारतीय जनता पार्टी ने उत्तर प्रदेश में संगठन को नई धार देने के लिए बड़ा फैसला लिया है। महराजगंज से सात बार के सांसद और केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी को यूपी भाजपा का नया प्रदेश अध्यक्ष नियुक्त किया गया है। उनके नाम के औपचारिक ऐलान के साथ ही प्रदेश के सियासी गलियारों में हलचल तेज हो गई है। पंकज चौधरी की पहचान अब तक पूर्वांचल के कद्दावर नेता के रूप में थी, लेकिन उनकी यह नियुक्ति पश्चिमी उत्तर प्रदेश (मेरठ) के साथ उनके गहरे पारिवारिक जुड़ाव के चलते और भी खास मानी जा रही है।
पूर्वांचल के नेता का ‘मेरठ कनेक्शन’ पंकज चौधरी भले ही पूर्वी उत्तर प्रदेश की राजनीति का बड़ा चेहरा हों, लेकिन पश्चिमी यूपी के मेरठ शहर से उनका रिश्ता बेहद आत्मीय और पारिवारिक है। दरअसल, वर्ष 2021 में पंकज चौधरी की बेटी श्रुति का विवाह मेरठ के प्रतिष्ठित पेट्रोल पंप व्यवसायी उमेश सिंह पटेल के बेटे उत्कर्ष के साथ हुआ था। इस विवाह के बाद से ही मेरठ उनका दूसरा घर बन गया है।
मंत्री पद का रुतबा छोड़, परिवार में बन जाते हैं ‘आम इंसान’ पंकज चौधरी के समधी उमेश सिंह पटेल ने ‘एनबीटी ऑनलाइन’ से बातचीत में बताया कि मंत्री का पद और लंबा राजनीतिक अनुभव होने के बावजूद पंकज चौधरी का व्यक्तित्व बेहद सरल है। उमेश सिंह पटेल बताते हैं, “हमारी दोस्ती वर्षों पुरानी थी जो अब रिश्तेदारी में बदल गई है। वे जब भी मेरठ आते हैं, चाहे सरकारी कार्यक्रम हो या पार्टी की बैठक, वे घर आना नहीं भूलते। घर आकर वे मंत्री नहीं, बल्कि एक सामान्य परिजन की तरह बच्चों के साथ हंसी-मजाक करते हैं और पुराने किस्से साझा करते हैं।”
पूरब और पश्चिम के बीच बनेंगे ‘सेतु’ राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि भाजपा ने पंकज चौधरी को कमान सौंपकर एक तीर से दो निशाने साधे हैं। एक तरफ जहां वे पूर्वांचल में पार्टी का मजबूत ओबीसी चेहरा हैं, वहीं समधी उमेश सिंह पटेल और मेरठ से उनके पारिवारिक रिश्तों के चलते पश्चिमी उत्तर प्रदेश में भी उनकी स्वीकार्यता बढ़ी है। वे पूर्व में मेरठ सिटीजन फोरम और जीएसटी दिवस जैसे कार्यक्रमों के जरिए शहर के बुद्धिजीवियों और व्यापारियों के बीच अपनी पकड़ बना चुके हैं।
मेरठ में खुशी की लहर पंकज चौधरी के प्रदेश अध्यक्ष बनने की घोषणा होते ही मेरठ स्थित उनके समधी उमेश सिंह पटेल के आवास पर खुशी का माहौल है। उमेश सिंह पटेल, जो स्वयं को अराजनीतिक बताते हैं, ने इसे पूरे परिवार के लिए गर्व का क्षण बताया है। फिलहाल वे लखनऊ में आयोजित कार्यक्रम में शामिल होने के लिए गए हैं और बाद में परिवार सहित दिल्ली आवास पर नवनिर्वाचित अध्यक्ष को बधाई देने जाएंगे।
